प्रतीकग्रैंडसिटी अपार्टमेंटओनर्सएसोसिएशन वे मौलिक अधिकार हैं जो प्रत्येक व्यक्ति को जन्म से ही प्राप्त होते हैं, चाहे उनकी जाति, धर्म, लिंग, भाषा या सामाजिक स्थिति कुछ भी हो। इन अधिकारों का उद्देश्य हर व्यक्ति को गरिमा, समानता और स्वतंत्रता का जीवन प्रदान करना है। प्रतीकग्रैंडसिटी अपार्टमेंटओनर्सएसोसिएशन मानवाधिकार संरक्षण का महत्व मानवाधिकारों का संरक्षण किसी भी समाज के विकास और प्रगति के लिए आवश्यक है। यह सुनिश्चित करता है कि: समानता: सभी को बिना किसी भेदभाव के समान अधिकार प्राप्त हों। स्वतंत्रता: हर व्यक्ति अपने विचार और जीवनशैली का चयन स्वतंत्र रूप से कर सके। न्याय: अन्याय और शोषण से बचाव के लिए उचित न्यायिक प्रक्रियाएं उपलब्ध हों। मानवाधिकार संरक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य एक ऐसा समाज बनाना है जहां हर व्यक्ति को समान अवसर और गरिमा के साथ जीने का अधिकार हो। इसके लिए हमें अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए जागरूक रहना और सक्रिय भूमिका निभानी होगी।
नशा आज समाज के लिए एक गंभीर समस्या बन चुका है, जो न केवल व्यक्ति को शारीरिक और मानसिक रूप से प्रभावित करता है, बल्कि परिवार और समाज को भी बर्बाद करता है। मानवाधिकार संवैधानिक सुरक्षा संघ का "नशा मुक्त भारत कार्यक्रम" इसी उद्देश्य के साथ शुरू किया गया है कि देश को नशा मुक्त बनाया जा सके और स्वस्थ, सशक्त समाज का निर्माण किया जा सके। कार्यक्रम के उद्देश्य: जागरूकता फैलाना: नशे के दुष्प्रभावों के बारे में समाज में जागरूकता फैलाना। नशा मुक्ति सहायता: नशा करने वालों को इससे छुटकारा दिलाने में सहायता करना। कानूनी संरक्षण: नशे के व्यापार और उपयोग पर कानूनी रोकथाम को बढ़ावा देना। पुनर्वास केंद्रों का समर्थन: नशा मुक्त केंद्रों और पुनर्वास सेवाओं को सहयोग प्रदान करना। युवाओं को दिशा देना: युवाओं को नशे से बचाने के लिए सही मार्गदर्शन और सकारात्मक गतिविधियों में संलग्न करना।